۲۰ مرداد ۱۴۰۱ |۱۳ محرم ۱۴۴۴ | Aug 11, 2022
مولانا علی حیدر فرشتہ

हौज़ा / मौलाना तकी हसनैन ताबे सराह बहुत ही नेकदिल, मिलनसार और नेक इंसान थे। ज्ञात हो कि उनके परिवार में उनकी पत्नी और दो बेटे हैं। दोनो जहान के मालिक इमामे ज़माने के तुफ़ैल मृतक को जवारे अहलेबेत मे जगह प्रदान कर।

हौज़ा न्यूज एजेंसी की रिपोर्ट के अनुसार, हुज्जतुल इस्लाम वल मुस्लेमीन मौलाना अली हैदर फरिश्ता साहब ने दिवंगत मौलाना सैयद नकी हसनैन के स्वर्गवास पर शोक व्यक्त किया, जिसका पूरा पाठ इस प्रकार है।

एक और इल्मी शमा गुल हो गई

आह! मौलाना सैयद नकी हसनैन ताबे सराह
देश के भाइयों! सलामुन अलैकुम वा रहमातुल्लाह 

जामिया नामिया लखनऊ के जाने-माने धार्मिक विद्वान और शिक्षक मौलाना सैयद नकी हसनैन का छोटी सी बीमारी के बाद स्वर्गवास की खबर बड़े दुख के साथ सुनी गई।

मौलाना सैयद नकी हसनैन जिला फतेहपुर हंसवा, बाराबंकी, उत्तर प्रदेश के रहने वाले थे वह कुछ समय से जामिया नाजिमिया, लखनऊ में पढ़ा रहे थे।

मृतक का अंतिम संस्कार गुरुवार को उनके पैतृक फतेहपुर हंसवा में सैकड़ों लोगों की मौजूदगी में किया गया।

मौलाना तकी हसनैन ताबे सराह बहुत ही नेकदिल, मिलनसार और नेक इंसान थे। ज्ञात हो कि उनके परिवार में उनकी पत्नी और दो बेटे हैं। दोनो जहान के मालिक इमामे ज़माने के तुफ़ैल मृतक को जवारे अहलेबेत मे जगह प्रदान कर।

इन संक्षिप्त शब्दों के साथ, हम हैदराबाद डेक्कन (तेलंगाना) एसोसिएशन ऑफ उलेमा एंड ख़ुत्बा की ओर से दिवंगत मौलाना को श्रद्धांजलि देते हैं और उनके सभी परिवार और रिश्तेदारों की सेवा में अपनी संवेदना व्यक्त करते हैं।

फ़क़्त वस सलामो अलैकुम वा रहमतुल्लाहे वा बराकातो

शरीके ग़म

हुज्जतुल इस्लाम वल मुस्लेमीन मौलाना अली हैदर फरिशता
अध्यक्ष उलेमा वा ख़ुत्बा परिषद् हैदराबाद डेक्कन (तेलंगाना) भारत
दिनांक: १ जुलाई २०१३

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